सिंह ने कहा कि कांग्रेस पक्ष के सदस्यों द्वारा मेरे नेतृत्व में माननीय विधानसभा अध्यक्ष के विरूद्ध दिये गये संकल्प पर चर्चा कराये जाने की मांग की जा रही थी, उसी दौरान सदन के अंदर संसदीय कार्य मंत्री श्री नरोत्तम मिश्रा ने अमर्यादित भाषा का प्रयोग करते हुए आवेश में आकर मध्यप्रदेश विधानसभा प्रक्रिया तथा कार्य संचालन संबंधी नियम की पुस्तिका को मेरे ऊपर निशाना साधते हुए फेंककर मारी जो कि मेरे टेबल के सामने आकर मेरे उपर गिरी। सिंह ने कहा कि संसदीय कार्य मंत्री श्री मिश्रा का यह आचरण असंसदीय है। विधानसभा के इतिहास में नेता प्रतिपक्ष के उपर इस प्रकार का हमला किया जाना अत्यन्त अपमानजनक है। उनका यह कृत्य सदन की अवमानना के साथ ही विपक्ष के सदस्यों के साथ-साथ मेरे विशेषाधिकारों का हनन किया जाना की परिधि में आता है, संसदीय कार्य मंत्री श्री मिश्रा के उक्त कृत्य के लिए उनके विरूद्ध मध्यप्रदेश विधानसभा प्रक्रिया तथा कार्य संचालन संबंधी नियम 164-165 के तहत विशेषाधिकार हनन का मामला मानते हुए उन पर अविलम्ब कार्यवाही करने की मांग की है।
Tags
राजनीति
